मुस्लमान गाय क्यों खाते है - Rice Purity Test

मुस्लमान गाय क्यों खाते है

दोस्तों हिंदू धर्म में गाय को देवी और मां का दर्जा दिया गया है जैसे कि आप सभी जानते हैं और गाय की पूजा से जहां धार्मिक स्थल जुड़ी हुई है तो वहीं गाय को रोजाना रोटी खिलाने से जुड़ा है भावनात्मक लगाव लेकिन यही

गए अक्सर हिंदू मुस्लिम दंगों की भी वजह बन जाती है भारत में मुस्लिम बहादुर शाह जफर तक के शासनकाल में गाय की हत्या पर प्रतिबंध था बहादुर शाह जफर के शासनकाल में तो बहादुर शाह ने खुद ही मुंडी फिर

आई थी कि अगर बकरीद पर गाय की कुर्बानी दी गई तो कुर्बानी देने वाले को टॉप से उड़ा दिया जाएगा अब जहां हमारे इतिहास में इस चीज को लेकर कभी बहस नहीं छड़ी लेकिन हैरानी होगी कि हमारे भारत की 80%

से भी ज्यादा आबादी हिंदू है दुनिया भर में बीफ का सबसे ज्यादा निर्यात करने वाले देशों में भारत ही है मध्य प्र और वह क्या नहीं खा सकते हैं मुसलमान को खाना पीना उठना बैठना सोना चलना सब का तरीका दिनेश

लाल ने बताया हुआ है और ज्यादातर मुसलमान अपनी जिंदगी समझते हैं और इसी में अपनी भलाई भी समझते हैं आपकी जानकारी के लिए बता दे कि मुसलमान की सबसे पवित्र किताब जिसे कुरान कहा जाता है उसकी सूरत दो आयात 173 तो धर्म के रास्ते से हट जाएंगे और यह हमारा कर्तव्य है ठीक इसी बात को इस्लाम भी मानता है इसलिए मुस्लिम मानते हैं कि कुरान का पालन करना ही उनका कर्तव्य और धर्म है अब आपको लग

रहा होगा कि यहां पर तो बात गाय को लेकर हो रही है तो फिर यहां कुरान कहां से आ गया जाना चाहते हैं कि कैसे तो बने रहिए इस वीडियो के बिल्कुल दोस्तों अगर आप कुरान का चैप्टर नंबर 2 देखेंगे तो आपको हेडिंग दिखाई देगा सुरह अल बकारह अब बकर का मतलब आप में से बहुत सारे लोग बकरी समझेंगे पर दरअसल ऐसा नहीं है क्योंकि मत यहां पर बर्गर का मतलब गए हैं दर्शन जब आप अरबी भाषा में पड़ेंगे या कभी सीखेंगे

तो आपको पता चलेगा कि बकर का मतलब होता है गए ना की बकरी आपकी जानकारी के लिए बता दे कि कुरान अल में अरबी लैंग्वेज में लिखा गया है और आपको हमारे भारत के शिक्षा व्यवस्था के बारे में तो बताइए है और शायद यही वजह है कि आज तक लोगों को यह पता नहीं लगता है कि बकर का मतलब गए होता है